Floor Test: विधानसभा सचिवालय द्वारा जारी आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, विशेष सत्र का आयोजन 24 अप्रैल को पूर्वाह्न 11 बजे बिहार विधानसभा भवन, पटना में किया जाएगा।
- हाइलाइट: Floor Test
- सम्राट चौधरी सरकार का विश्वास मत परीक्षण, राजनीतिक हलचल तेज
पटना। राज्य में सम्राट चौधरी के नेतृत्व में नई सरकार के गठन के बाद राजनीतिक हलचल काफी तेज हो गई है। इसी क्रम में, नई सरकार की स्थिरता और बहुमत को सुनिश्चित करने के लिए 24 अप्रैल को बिहार विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया गया है। यह विशेष सत्र राज्य के आगामी राजनीतिक भविष्य और नई सरकार की मजबूती के दृष्टिकोण से अत्यंत निर्णायक माना जा रहा है।
Floor Test: विशेष सत्र का आयोजन 24 अप्रैल को पूर्वाह्न 11 बजे
विधानसभा सचिवालय द्वारा जारी आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, विशेष सत्र का आयोजन 24 अप्रैल को पूर्वाह्न 11 बजे बिहार विधानसभा भवन, पटना में किया जाएगा। विधानसभा सचिवालय के निदेशक राजीव कुमार के हस्ताक्षर से जारी इस पत्र में मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री, मंत्रिपरिषद के सभी सदस्यों और विधानसभा के सभी माननीय सदस्यों को इस महत्वपूर्ण कार्यवाही में सम्मिलित होने की सूचना भेज दी गई है।
इस विशेष सत्र का मुख्य एजेंडा मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी द्वारा सदन में विश्वास मत प्रस्ताव पेश करना है। हाल के दिनों में राज्य में हुए सत्ता परिवर्तन और राजनीतिक समीकरणों में आए अप्रत्याशित बदलावों ने बिहार की राजनीति को एक नई दिशा दी है। ऐसे में यह विश्वास मत केवल एक संवैधानिक औपचारिकता नहीं, बल्कि सरकार की स्थिरता और उसके राजनीतिक आधार को साबित करने का एक बड़ा परीक्षण है।
विधानसभा सचिवालय की ओर से जारी पत्र में सभी विधायकों को निर्धारित समय पर सदन में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने का निर्देश दिया गया है। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि सत्र की कार्यवाही निर्धारित समय पर प्रारंभ होगी, जिसके चलते सदस्यों की उपस्थिति अत्यंत आवश्यक है।


