Bihiya Chairman Case: राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा बिहिया चेयरमैन को पदमुक्त किए जाने के आदेश के बाद उत्पन्न हुई कानूनी स्थिति में अब एक नया मोड़ आया है।
- हाइलाइट: Bihiya Chairman Case
- पटना उच्च न्यायालय के आदेश को सचिन कुमार गुप्ता के लिए एक बड़ी राहत के रूप में देखा जा रहा है
पटना। भोजपुर के बिहिया नगर पंचायत के चेयरमैन सचिन कुमार गुप्ता को पटना उच्च न्यायालय से बड़ी राहत मिली है। राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा उन्हें पदमुक्त किए जाने के आदेश के बाद उत्पन्न हुई कानूनी स्थिति में अब एक नया मोड़ आया है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए, पटना उच्च न्यायालय के माननीय न्यायमूर्ति श्री अजीत कुमार की पीठ ने सिविल रिट क्षेत्राधिकार वाद संख्या 8076, 2026 की सुनवाई की। इस महत्वपूर्ण सुनवाई के दौरान, न्यायालय ने दिनांक 26 मई 2026 को अपना मौखिक आदेश जारी किया।
Bihiya Chairman Case: मामले को आगामी 30 जून 2026 के लिए सूचीबद्ध करने का निर्देश
न्यायालय ने राज्य निर्वाचन आयोग के विद्वान अधिवक्ता को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि वे रिट याचिका में उठाए गए बिंदुओं और आधारों के अनुरूप उचित हलफनामा दाखिल करें। इस कानूनी प्रक्रिया के दौरान, अदालत ने यह भी स्पष्ट किया है कि जब तक मामले की अगली सुनवाई नहीं हो जाती, तब तक राज्य निर्वाचन आयोग के दिनांक 28 अप्रैल 2026 के आदेश को जल्दबाजी में लागू नहीं किया जाना चाहिए।
न्यायालय ने इस मामले को आगामी 30 जून 2026 के लिए सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया है। इस आदेश को सचिन कुमार गुप्ता के लिए एक बड़ी राहत के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि अदालत ने स्पष्ट तौर पर यथास्थिति बनाए रखने की अपेक्षा की है।
बिहिया नगर पंचायत के राजनीतिक गलियारों और जनता के बीच इस घटनाक्रम को लेकर काफी चर्चा है। फिलहाल सभी की निगाहें अब 30 जून की अगली सुनवाई पर टिकी हैं, जहां यह स्पष्ट हो पाएगा कि इस मामले में आगे क्या निर्णय लिया जाता है। वही बिहिया नगरवासियों में यह चर्चा है की सचिन को नो बॉल पर आउट देने के मामले को पटना हाई कोर्ट ने पकड़ लिया है।

