NH-922 Blocked at Bilauti: आक्रोशित ग्रामीणों का आरोप है कि भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया था, इसके बावजूद पुलिस ने उसे गोली मार दी। घटना के विरोध में बड़ी संख्या में लोग सड़क पर उतर आए।
- हाइलाइट: NH-922 Blocked at Bilauti
- पुलिस एनकाउंटर के विरोध में शाहपुर के बिलौटी में शव के साथ रोड जाम
- आरा-बक्सर फोरलेन पर आवागमन बाधित, दोनों ओर वाहनों की लगी लंबी कतार
आरा। भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत बिलौटी गांव में बुधवार को हुई पुलिस मुठभेड़ में पिस्टलधारी युवक भरत भूषण तिवारी की इलाज के दौरान मृत्यु होने और शव का पीएमसीएच, पटना में पोस्टमार्टम के बाद गुरुवार सुबह कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच गांव लाया गया। शव पहुंचते ही ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा और उन्होंने बिलौटी गांव के समीप शव रखकर आरा-बक्सर फोरलेन को जाम कर दिया।
जानकारी के अनुसार गुरुवार की सुबह जब भरत भूषण तिवारी का पार्थिव शरीर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बिलौटी गांव पहुंचा, तो वहां का माहौल एकाएक बदल गया। शव को देखते ही ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। परिजनों और स्थानीय निवासियों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया था, इसके बावजूद उसे गोली मारी गई। इस दावे के साथ ग्रामीणों ने बिलौटी गांव के समीप आरा-बक्सर फोरलेन NH-922 को जाम कर दिया, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया।
NH-922 Blocked at Bilauti : पुलिस के कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे
प्रदर्शनकारियों का गुस्सा इतना अधिक था कि स्थिति को नियंत्रित करने के लिए मौके पर पहुंची पुलिस की क्यूआरटी टीम पर भीड़ ने ईंट-पत्थर फेंके। तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए पुलिस द्वारा लाठी चार्ज किए जाने की खबरें भी सामने आई हैं, जिससे स्थिति और भी अधिक गंभीर हो गई। वर्तमान में, बिलौटी गांव के निकट का यह फोरलेन मार्ग एक पुलिस छावनी में तब्दील हो चुका है। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए आरा सदर एसडीपीओ राजकुमार साह और ट्रैफिक डीएसपी मनोज सुधांशु सहित प्रशासनिक और पुलिस के कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर कैंप कर रहे हैं और आक्रोशित ग्रामीणों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं।
भोजपुर के पुलिस अधीक्षक राज ने इस मामले पर स्पष्ट किया है कि पोस्टमार्टम की पूरी प्रक्रिया जिलाधिकारी द्वारा नियुक्त मजिस्ट्रेट की निगरानी में पारदर्शी तरीके से पूरी की गई है। उन्होंने यह भी सुनिश्चित किया कि इस घटना के संदर्भ में शाहपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी है और मामले की जांच जारी है। कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए पुलिस प्रशासन स्थिति को शांतिपूर्ण ढंग से सुलझाने की दिशा में कार्य कर रहा है।
फिलहाल, बिलौटी गांव और NH-922 पर तनाव बरकरार है। प्रशासन की प्राथमिकता सड़क मार्ग को सुचारू रूप से बहाल करने और क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने की है। पुलिस अधिकारियों द्वारा ग्रामीणों के साथ लगातार संवाद किया जा रहा है ताकि शांतिपूर्ण तरीके से समाधान निकाला जा सके।
लाइव वीडियो के सबसे आखिरी में भरत अपनी पिस्टल पुलिस की तरफ फेंक देता
बता दें कि मृतक भरत भूषण तिवारी शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव का रहने वाला था। वह पिछले कई दिनों से सोशल मीडिया पर प्रशासन को चुनौती देते हुए हथियार के साथ वीडियो पोस्ट कर रहा था। एक दिन पहले शाहपुर थाने की टीम जब उसके घर पहुंची थी, तो उसने पुलिसकर्मियों पर पिस्टल तान दी थी। फिर थानेदार और उसकी मां ने समझाकर उसे शांत कराया था। बताया गया कि पुलिस लगातार युवक पर नजर बनाए हुए थी।
भरत तिवारी लगातार पुलिस से विवाद का फेसबुक लाइव कर रहा था। उसका आखिरी वीडियो फेसबुक पर बुधवार सुबह लगभग साढ़े 9 बजे लाइव हुआ था। उसमें वह एसटीएफ के कर्मियों के सामने की ओर कुछ दूरी पर खड़े होकर कह रहा है कि पुलिस ने उसकी मांगों पर विचार करने की बात कही है। इसलिए वह आत्मसमर्पण करने जा रहा है। लाइव वीडियो के सबसे आखिरी में भरत अपनी पिस्टल पुलिस की तरफ फेंक देता है। इसके बाद फेसबुक लाइव बंद हो जाता है।






