Minister Arun Shankar Prasad: बाढ़ प्रभावित क्षेत्र घोषित करने के सवाल पर मंत्री ने कहा कि वर्तमान में प्रशासन की पहली प्राथमिकता लोगों को सुरक्षित रखना और उन्हें भोजन उपलब्ध कराना है।
- हाइलाइट: Minister Arun Shankar Prasad
- बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सरकारी तत्परता और राहत कार्यों की समीक्षा
- मंत्री ने कहा कि सरकार आपदा पीड़ितों के साथ पूरी संवेदनशीलता से खड़ी है
आरा। बिहार के भोजपुर जिले में आई बाढ़ की विभीषिका ने बड़हरा, शाहपुर सहित बिहिया प्रखंड के कई पंचायतों को अपनी चपेट में ले लिया है। प्रभावित इलाकों में जलस्तर बढ़ने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। इस कठिन समय में स्थिति का जायजा लेने के लिए भोजपुर के प्रभारी मंत्री अरुण शंकर प्रसाद ने मंत्री संजय सिंह टाइगर, शाहपुर विधायक राकेश ओझा, भाजपा नेता मुक्तेश्वर ओझा, उर्फ भूअर ओझा, भोजपुर जिलाधिकारी मनेश कुमार, मीणा, पुलिस अधीक्षक अवधेश दीक्षित के साथ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया।
बाढ़ प्रभावित क्षेत्र घोषित करने के सवाल पर मंत्री ने कहा कि वर्तमान में प्रशासन की पहली प्राथमिकता लोगों को सुरक्षित रखना और उन्हें भोजन उपलब्ध कराना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रभावित पंचायतों की सूची तैयार की जा रही है और उचित समीक्षा के बाद अनुश्रवण समिति के माध्यम से नीतिगत निर्णय लिए जाएंगे। आपदा की इस घड़ी में जान-माल की सुरक्षा सर्वोपरि है।
राहत और बचाव कार्यों के संबंध में जानकारी देते हुए मंत्री ने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में एनडीआरएफ की टीम मुस्तैदी के साथ तैनात है। नावों के माध्यम से लोगों का सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित किया जा रहा है, ताकि आवश्यक कार्यों या किसी आपातकालीन स्थिति में, जैसे गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुँचाने में कोई कठिनाई न हो। इसके अतिरिक्त, सामुदायिक किचन चलाए जा रहे हैं ताकि भोजन के अभाव में किसी की स्थिति न बिगड़े। जिला प्रशासन, डीएम और एसपी के नेतृत्व में राहत कार्यों की निगरानी कर रहे हैं, और स्थानीय जनप्रतिनिधि व सामाजिक कार्यकर्ता भी निरंतर सहयोग प्रदान कर रहे हैं।
क्षेत्रीय समस्याओं और नागरिकों की मांगों पर प्रतिक्रिया देते हुए मंत्री ने कहा कि सरकार आपदा पीड़ितों के साथ पूरी संवेदनशीलता से खड़ी है। स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर मिल रही शिकायतों पर उन्होंने आश्वासन दिया कि जो भी आवश्यकता होगी, उसे तत्काल पूरा किया जाएगा। चाहे वह मर्चरी वैन की उपलब्धता हो या एंटी-वेनम इंजेक्शन, प्रशासन इन व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के लिए प्रतिबद्ध है।
पीपरपाती जैसे गांवों में हो रहे कटाव के सवाल पर उन्होंने कहा कि वर्तमान समय बाढ़ से निपटने और लोगों को सुरक्षित निकालने का है। कटाव निरोधी कार्यों जैसे बोल्डर पिचिंग पर विचार जल संसाधन विभाग और फ्लड कंट्रोल के माध्यम से स्थितियों के सामान्य होने के बाद किया जाएगा। सरकार इस दिशा में पूरी तरह सजग है और आने वाले समय में चरणबद्ध तरीके से फसल क्षति और घर गिरने जैसे नुकसानों का आकलन कर मुआवजा सुनिश्चित किया जाएगा।
भोजपुर जिला प्रशासन और बिहार सरकार पूरी तत्परता के साथ बाढ़ की इस चुनौती का सामना कर रही है। आपदा पीड़ितों को विश्वास दिलाते हुए प्रशासन ने कहा है कि स्थिति का निरंतर आकलन किया जा रहा है और किसी भी नागरिक को इस संकट में अकेला नहीं छोड़ा जाएगा। वर्तमान में प्रशासन का संपूर्ण ध्यान रेस्क्यू ऑपरेशन और राहत सामग्री के सुचारू वितरण पर केंद्रित है। इस दौरान शाहपुर BDO शत्रुंजय कुमार सिंह, सीओ आनंद प्रकाश सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

