Bhojpur Cyber Police: भोजपुर साइबर पुलिस का बड़ा एक्शन: ऑनलाइन गेमिंग के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़
- हाइलाइट: Bhojpur Cyber Police
- ऑनलाईन गेमिंग का संचालन कर साइबर फ्रॉड करते थे गिरोह के सदस्य
- 9 मोबाईल, 2 लैपटॉप तथा 3 बैंक पासबुक बरामद
आरा, बिहार। भोजपुर जिले की साइबर थाना पुलिस ने एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए ऑनलाइन गेमिंग की आड़ में धोखाधड़ी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस दौरान गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया गया। उनके पास से 9 मोबाईल, 2 लैपटॉप तथा 3 बैंक पासबुक बरामद हुआ। इसकी जानकारी साइबर थानाध्यक्ष सह डीएसपी स्नेह सेतु ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान दी।
उन्होंने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर 11 जनवरी को शाहपुर थाना पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए, शाहपुर थाना क्षेत्र के कनैली गांव निवासी राधेश्याम कुमार पांडेय के पुत्र मृत्युंजय कुमार पाण्डेय के घर पर छापा मारा गया। छापेमारी के दौरान दो संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया। उनके पास से 9 मोबाइल फोन, 2 लैपटॉप और 3 बैंक पासबुक बरामद हुए। संदिग्ध व्यक्ति को पूछताछ हेतु शाहपुर थाना लाया गया।
Bhojpur Cyber Police: पूछताछ में साइबर अपराध में संलिप्तता के मिले प्रमाण
प्रारंभिक पूछताछ में साइबर अपराध में उनकी संलिप्तता के ठोस प्रमाण पाए गए। इसके बाद, बरामद सामग्री और संदिग्धों को आगे की जांच के लिए भोजपुर साइबर थाना लाया गया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान कृष्णगढ़ थाना क्षेत्र के पीपरपांती निवासी अजय श्रीवास्तव के पुत्र आयुष श्रीवास्तव और शाहपुर थाना क्षेत्र के कनैली गांव निवासी महेश कुमार पांडेय के पुत्र मोहित कुमार पाण्डेय के रूप में हुई। गहन पूछताछ के दौरान, दोनों संदिग्धों ने खुलासा किया कि वे मृत्युंजय कुमार पाण्डेय के लिए अवैध रूप से ऑनलाइन गेम खेलाने और लोगों से इन खेलों में पैसे लगवाने तथा निकालने का काम करते है।
यह गिरोह प्रतिदिन लगभग 11 से 12 लाख रुपये विभिन्न बैंक खातों के माध्यम से “वजीर-13” नामक वेबसाइट पर गेम खेलाने के लिए मँगवाता है तथा गेम जीतने के नाम पर 4-5 लाख रूपया गेम खेलने वाले लोगों को ऑनलाईन यूपीआई, नेटबैंकिंग आदि के माध्यम से भेजा जाता है। तकनीकी जांच में, अभियुक्तों के मोबाइल फोन, लैपटॉप और बैंक खातों की गहन छानबीन की गई। इसमें पाया गया कि विभिन्न लोगों के बैंक खातों का उपयोग कर अवैध रूप से नेट बैंकिंग और UPI के माध्यम से गेम खेलाने के नाम पर बड़े पैमाने पर पैसों का लेन-देन किया जा रहा है।
इस खुलासे के बाद, भोजपुर साइबर थाना में ऑनलाइन गेमिंग संवर्धन और विनियमन अधिनियम 2025, बीएनएस (भारतीय न्याय संहिता) और आईटी एक्ट 2000 की सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। दोनों संदिग्धों को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा रहा है।

