Fear of Sales Tax Raids: सेल टैक्स की दहशत में सिमटा बाजार: शाहपुर, बिहिया और जगदीशपुर में ठप रहा व्यापार, करोड़ों का नुकसान
- हाइलाइट: Fear of Sales Tax Raids
- किराना से दवा दुकानों तक ताले, करोड़ों का कारोबार प्रभावित, पसरा सन्नाटा
आरा। भोजपुर जिले के शाहपुर, बिहिया और जगदीशपुर में सोमवार को एक अभूतपूर्व स्थिति देखने को मिली। बाजार में किसी औपचारिक बंद का आह्वान नहीं किया गया था, इसके बावजूद स्थिति पूर्ण लॉकडाउन जैसी बनी रही। इस सन्नाटे का मुख्य कारण सेल टैक्स विभाग की संभावित छापेमारी की वह दहशत थी, जिसने व्यापारियों के बीच खलबली मचा दी। सूचना मिलते ही देखते ही देखते मुख्य बाजारों के शटर गिर गए।
Fear of Sales Tax Raids: बाजार में अफरातफरी का माहौल
सोमवार सुबह जब बाजार खुला तो व्यापारिक गतिविधियां सामान्य रूप से शुरू हुई थीं। लेकिन दोपहर होते-होते जैसे ही विभाग की टीम के क्षेत्र में आने की मौखिक चर्चा फैली, शाहपुर, बिहिया और जगदीशपुर के मुख्य मार्गों पर सन्नाटा पसर गया। बड़े प्रतिष्ठानों से लेकर छोटी दुकानों तक के मालिकों ने आनन-फानन में दुकानें बंद कर दीं। कपड़ा, मोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, किराना और मिठाई की दुकानों पर ताले लटक गए। केवल रेहड़ी-पटरी वाले ही सड़कों पर नजर आए, जो टैक्स के दायरे से बाहर थे।
जनजीवन और आवश्यक सेवाओं पर प्रभाव
दुकानें बंद होने का सबसे गंभीर असर आम नागरिकों पर पड़ा। दूर-दराज के गांवों से खरीदारी करने आए लोगों को बैरंग वापस लौटना पड़ा। सबसे चिंताजनक स्थिति दवा दुकानों के बंद होने से उत्पन्न हुई, जिससे मरीजों और उनके परिजनों को आवश्यक दवाओं के लिए दर-दर भटकना पड़ा। चाय की दुकानों और चौक-चौराहों पर दिन भर व्यापारियों के बीच विभाग की आगामी कार्रवाई और सर्वे की प्रक्रियाओं को लेकर ही चर्चा होती रही।
आर्थिक नुकसान और राजस्व पर असर
शाहपुर, बिहिया और जगदीशपुर भोजपुर जिले के महत्वपूर्ण व्यावसायिक केंद्र माने जाते हैं। इन बाजारों से प्रतिदिन करोड़ों रुपये का लेनदेन होता है। अचानक हुई इस अघोषित बंदी के कारण व्यापारियों को भारी आर्थिक क्षति हुई। व्यापारियों का तर्क है कि वे सर्वे प्रक्रिया के विरोधी नहीं हैं, लेकिन कागजी औपचारिकताओं में अक्सर छोटे व्यापारियों को बेवजह परेशानी झेलनी पड़ती है।


