Banahi Road Shahpur: प्रथम निकाय चुनाव के अठारह वर्षों का लंबा अरसा बीत जाने के बावजूद नगर पंचायत क्षेत्र के बनाही रोड में नाली का निर्माण न होना, नगर प्रशासन की प्राथमिकताओं पर गंभीर प्रश्नचिन्ह लगाता है।
- हाइलाइट: Banahi Road Shahpur
- गंदा और दुर्गंधयुक्त पानी बनाही सड़क पर जगह-जगह जमा
आरा, बिहार। शाहपुर नगर पंचायत के बनाही सड़क की दयनीय स्थिति नगर प्रशासन की घोर उपेक्षा और लापरवाही का प्रत्यक्ष प्रमाण है। वर्ष 2007 में प्रथम चुनाव संपन्न होने के पश्चात् से लेकर वर्तमान वर्ष 2025 तक, यानि लगभग अठारह वर्षों के लंबे अंतराल के बावजूद, इस महत्वपूर्ण सड़क पर नाली का निर्माण आज तक नहीं हो सका है। इसका दुष्परिणाम यह है कि अब घरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से निकलने वाला दूषित जल तथा वर्षा का पानी बिना किसी निकासी के सड़क पर ही जमा हो जाता है। गंदा और दुर्गंधयुक्त पानी सड़क पर जगह-जगह जमा हो रहा है, जिससे नगर क्षेत्र में इस सड़क पर जलजमाव की समस्या गंभीर होती जा रही है।
यह सड़क बनाही स्टेशन जाने और शाहपुर के प्रशासनिक और नागरिक जीवन का केंद्र बिंदु की तरह है। इसी सड़क के अंतर्गत नगर सरकार भवन, प्रखंड सह अंचल कार्यालय, पुलिस स्टेशन, रेफरल अस्पताल, बिजली ऑफिस जैसे अत्यंत महत्वपूर्ण सरकारी कार्यालय अवस्थित हैं। इन कार्यालयों में न केवल आम नागरिक प्रशासनिक कार्यों के लिए आते-जाते हैं, बल्कि सरकारी अधिकारी और कर्मचारी भी प्रतिदिन इन मार्गों से गुजरते हैं। इन सभी के लिए, विशेषकर उन लोगों के लिए जो पैदल यात्रा करते हैं, इस कीचड़युक्त और जल-जमाव वाले मार्ग से गुजरना अत्यंत कष्टदायक होता है।
स्थिति की भयावहता को पैदल यात्रियों के दृष्टिकोण से और भी अधिक समझा जा सकता है। विद्यालय जाने वाले मासूम बच्चों को कीचड़ और गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। जिससे स्कूल जाते बच्चों के ड्रेस व जूते-चप्पल गंदे हो जाते हैं, जो बच्चों के लिए असुविधा का कारण बनता है। इसी प्रकार, मरीजों को रेफरल अस्पताल तक पहुंचने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ता है। बीमार और वृद्ध व्यक्तियों को इस कीचड़ भरे रास्ते से गुजरते हुए भारी परेशानी होती है।
यह सड़क नगर से गुजरती NH-84 और NH-922 हाइवे को जोड़ने के साथ ही क्षेत्र के नागरिकों के लिए दैनिक आवागमन का मुख्य मार्ग है। इस पर लगातार कीचड़ और जलजमाव के कारण दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ गया है। दोपहिया वाहन चालकों को फिसलन भरी सड़क पर संतुलन बनाए रखने में मशक्कत करनी पड़ती है। नगर प्रशासन की उदासीनता के कारण, नाली निर्माण कार्य को लेकर यह सड़क लंबे अरसे से उपेक्षित रही है, अब विकास के नाम पर एक मजाक बनकर रह गई है।
अठारह वर्षों का लंबा अरसा बीत जाने के बावजूद नगर पंचायत क्षेत्र के बनाही रोड में नाली का निर्माण न होना, नगर प्रशासन की प्राथमिकताओं पर गंभीर प्रश्नचिन्ह लगाता है। यह स्थिति न केवल जन सुविधा के अभाव को दर्शाती है, बल्कि प्रशासनिक अक्षमता और संवेदनहीनता का भी प्रतीक है। स्थानीय निवासियों के अनुसार बार-बार शिकायतें और गुहारें लगाई गई हैं, बावजूद इस पर गंभीरता से ध्यान नहीं दिया गया है। हलाकी इस सड़क को एफडीआर तकनीक से बनाने का शिलान्यास सांसद व स्थानीय विधायक द्वारा करीब 7 माह पूर्व किया गया है। लेकिन, लोगों का कहना है की नगर क्षेत्र में साफ-सफाई की जिम्मेवारी तो नगर प्रशासन की है।



