Dumping Ground – मुजफ्फरपुर की ब्लैक लिस्टेड एनजीओ प्रताप सेवा संकल्प,गोविंद फूलकान की करतूतों की सजा भुगत रहे शाहपुर नगर पंचायत के निवासी
- हाइलाइट: Dumping Ground
- नगर के पूर्व एनजीओ ने जहां पाया खाली जगह, उसे ही बना दिया डंपिंग ग्राउंड
Dumping Ground आरा। भोजपुर जिला के शाहपुर नगर पंचायत अभी तक कचरा डंपिंग ग्राउंड के लिए भूमि का चयन नहीं कर पाई है। यह स्थिति नगर पंचायत के लिए बेहद चिंताजनक है, क्योंकि इसके चलते नगर पंचायत द्वारा वार्डों से निकलने वाले कचरे को जहां भी खाली जगह मिल रही है, वहीं डंप किया जा रहा है। यह न केवल नगर की साफ-सफाई को प्रभावित कर रहा है, बल्कि नगरवासियों के स्वास्थ्य और जीवन स्तर पर भी नकारात्मक प्रभाव डाल रहा है। शाहपुर नगर पंचायत के पास डंपिंग ग्राउंड न होने के कारण, नगर पंचायत द्वारा वार्डों से निकलने वाले कचरे को सड़क के किनारे खुले में डंप किया जा रहा है। इससे नगर वासियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
नगर पंचायत की ओर से शाहपुर- सहजौली रोड के नदी पर बने पुल किनारे, NH-84 मुख्य सड़क सहित शाहपुर-गोपालपुर नदी पुल के समीप मार्ग किनारे कचरा डंप किया जा रहा है। इस कचरे से निकलने वाली भीषण दुर्गंध से सड़क से आने-जाने वाले राहगीरों तथा नगर वासियों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। यह स्थिति नगर की छवि को भी खराब कर रही है। स्थानीय लोग इस समस्या के समाधान के लिए कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन जिम्मेदारों द्वारा इस समस्या से निजात पाने का कोई ठोस प्रयास नहीं किया जा रहा है।
बता दें कि शाहपुर नगर पंचायत की मासिक बोर्ड की बैठक दिनांक 15 सितंबर (सोमवार) को अपराह्न 12:30 बजे नगर कार्यालय स्थित सभाभवन (भू-तल) में आयोजित की गई। इस बैठक की जानकारी होने पर नगर की वर्तमान समस्या को लेकर कई नगरवासी भी पहुंचे थे। लेकिन नपं के पदाधिकारियों से मुलाकात नहीं होने पर उन्होंने नाराजगी जाहिर की। यह स्थिति दर्शाती है कि नगरवासियों की समस्याओं को सुनने और उनका समाधान करने के लिए नगर पंचायत के अधिकारियों की ओर से भी गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है।
इधर, नगर के एक पदाधिकारी ने बताया कि कचरा डंपिंग ग्राउंड के लिए जमीन चिहिन्त करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जमीन उपलब्ध हो जाने पर वहां कचरा डंप कर उसे निस्तारित किया जाएगा। हालांकि, यह प्रक्रिया कब तक पूरी होगी, इस पर कोई स्पष्टता नहीं है। नगरवासियों की चिंता बढ़ती जा रही है, क्योंकि उन्हें प्रतिदिन इस समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
इस समस्या का समाधान न होने से नगरवासियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। लोग यह सोचने पर मजबूर हैं कि क्या उनकी समस्याओं का समाधान कभी होगा? क्या नगर पंचायत इस दिशा में कोई ठोस कदम उठाएगी? नगरवासियों का यह भी कहना है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे लोग नगर कार्यालय में कूड़ा रखने पर मजबूर होंगे।
इधर, नगर के पूर्व उपचेयरमैन गुप्तेश्वर साह ने कहा की नगर की स्वच्छता और स्वास्थ्य के लिए यह अत्यंत आवश्यक है कि कचरा प्रबंधन की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं। नगर पंचायत के पदाधिकारियों को चाहिए कि वह इस मुद्दे को प्राथमिकता दे और नगरवासियों की समस्याओं का समाधान करने के लिए तत्परता से कार्य करे।
वार्ड पार्षद बबीता देवी ने कहा की नगर पंचायत को यह समझना होगा कि उनकी जिम्मेदारी केवल कचरा उठाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उन्हें नगरवासियों के स्वास्थ्य और जीवन स्तर को भी ध्यान में रखना होगा।
वार्ड पार्षद कामेश्वर राज ने कहा की शाहपुर नगर पंचायत के पदाधिकारियों को चाहिए कि वह इस दिशा में गंभीरता से विचार करे और जल्द से जल्द कचरा डंपिंग ग्राउंड के लिए भूमि का चयन कर, नगरवासियों को इस समस्या से निजात दिलाए।


