Bhojpur Gang and Brand: भोजपुर किंग धूर ब्रांड, डी. कंपनी, रावण ब्रांड, फायर ब्रांड समेत 14 ‘गैंग’ और ‘ब्रांड’ के विरुद्ध साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज
- हाइलाइट: Bhojpur Gang and Brand
- सोशल मीडिया पर ‘गैंग’ व ‘ब्रांड’ के नाम से भड़काऊ पोस्ट करने वालों की खैर नहीं
- एसपी बोले: अपने बच्चों की सोशल मीडिया गतिविधियों पर नजर रखें अभिभावक
आरा। सोशल मीडिया पर ‘गैंग’ व ‘ब्रांड’ के नाम पर भड़काऊ पोस्ट डालने वाले पर पुलिस की पैनी नजर है। ऐसे लोगों के खिलाफ साइबर थाना पुलिस प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई कर रही है। इसी कड़ी में पुलिस ने 14 ‘गैंग’ और ‘ब्रांड’ के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की है। इसकी जानकारी पुलिस अधीक्षक राज ने शुक्रवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी। उन्होंने बताया कि साइबर थाना, भोजपुर द्वारा विभित्र सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर ‘ब्रांड’ एवं ‘गैंग’ के नाम से अकाउंट/प्रोफाइल बनाकर भड़काऊ वीडियो एवं रील्स अपलोड करने तथा हथियारों का प्रदर्शन कर क्षेत्र में भय एवं असुरक्षा का वातावरण उत्पन्न करने से संबंधित मामलों में संज्ञान लिया है।
Bhojpur Gang and Brand: साइबर थाना में प्राथमिकी दर्ज
प्राप्त सूचना एवं साक्ष्यों के आधार पर इस दौरान भोजपुर किंग धूर ब्रांड, करिया महतो जीएम ब्रांड, गुड्डू महतो/गुड्डू कुशवाहा जी, कुशवाहा गैंगस्टर, रावण ब्रांड, केजी ब्रांड आरा, अक्की ब्रांड भोजपुर किंग 302, फायर ब्रांड, डी. कंपनी, बहिरो ब्रांड, आरसी कंपनी (सम्राट_ रंजीत_ चौधरी_ जी_), मिथिलेश पासवान ग्रुप, विलन ब्रांड कतीरा, कोहिनूर ब्रांड (रमना) एवं जेएन कंपनी आदि पर भोजपुर साइबर थाना कांड दर्ज किया गया है। उक्त कांड में बीएनएस की धारा 352, 353 (1), 353(2), आईटी एक्ट की धारा 67 तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25 के अंतर्गत प्राथमिकी पंजीकृत की गई है।
एसपी ने भोजपुर जिले वासियों से अपील करते हुए कहा है कि ऐसी गतिविधियों से दूर रहें, अन्यथा आवश्यक कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। एसपी ने कहा कि भोजपुर पुलिस द्वारा सोशल मीडिया के निरंतर मॉनिटरिंग की जा रही है। कोई भी व्यक्ति यदि किसी गैंग, ब्रांड, किंग इत्यादि से कोई प्रचार या वर्चस्व स्थापित करने की कोशिश, आपत्तिजनक टिप्पणी करता है। या हथियारों का प्रदर्शन कर कानून व्यवस्था को चुनौती देता है, तो उसे चिन्हित कर न्यायिक हिरासत में भेजा जाएगा। अभिभावकों से अपील करते हुए एसपी ने कहा कि वह अपने बच्चों की सोशल मीडिया गतिविधियों पर नजर रखें, ताकि वह जाने-अंजाने में किसी अपराधी गतिविधि का हिस्सा नहीं बने।


