Flood situation Shahpur: विधायक राकेश ओझा ने पदाधिकारियों के साथ शाहपुर प्रखंड में बाढ़ की गंभीर स्थिति के मद्देनजर राहत एवं बचाव कार्यों की समीक्षा की।
- हाइलाइट: Flood situation Shahpur
- विधायक राकेश रंजन ने अधिकारियों को दिए निर्देश
आरा। भोजपुर जिला अंतर्गत शाहपुर प्रखंड क्षेत्र में बाढ़ का जलस्तर बढ़ने के कारण उत्पन्न हुई विकट स्थिति को देखते हुए स्थानीय विधायक राकेश रंजन ने गुरुवार को प्रखंड कार्यालय में एक उच्च स्तरीय समीक्षात्मक बैठक की। इस बैठक में सीओ आनंद प्रकाश, बीडीओ शत्रुंजय कुमार सिंह सहित प्रखंड के अन्य प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में चलाए जा रहे राहत कार्यों में तेजी लाना और विस्थापित लोगों को आवश्यक सुविधाएं प्रदान करना था।
Flood situation Shahpur : लोगों की सुरक्षा और उनकी सुलभ आवाजाही पर विशेष जोर
विधायक राकेश रंजन ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि बाढ़ प्रभावित गांवों में लोगों की सुरक्षा और उनकी सुलभ आवाजाही के लिए सरकारी नावों की उपलब्धता सुनिश्चित करना पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि नावों की कमी के कारण किसी भी क्षेत्र की उपेक्षा न हो। इसके लिए प्रशासनिक स्तर पर यह निर्णय लिया गया कि नावों को उनकी आवश्यकता के अनुसार विभिन्न प्रभावित क्षेत्रों में तैनात किया जाएगा। नागरिकों की सुविधा के लिए यह भी स्पष्ट किया गया कि सभी सरकारी नावों पर बैनर और लाल झंडे लगाए जाएंगे, ताकि बाढ़ के दौरान लोग दूर से ही उनकी पहचान कर सुरक्षित रूप से उन तक पहुँच सकें।
बाढ़ के कारण अपना घर छोड़कर बांधों पर शरण लेने वाले लोगों की दयनीय स्थिति पर चर्चा करते हुए विधायक ने कहा कि वहां रह रहे लोगों के लिए भोजन, शुद्ध पेयजल और चिकित्सा जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना अनिवार्य है। प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि प्रभावित परिवारों को राहत पहुंचाने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
इसके अलावा, राहत सामग्री के वितरण को लेकर भी एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। प्रशासन के अनुसार, बाढ़ प्रभावितों के बीच पॉलीथिन शीट का वितरण तत्काल प्रभाव से शुरू किया जाएगा। पारदर्शिता बनाए रखने के लिए यह निर्णय लिया गया कि इस वितरण कार्य की जिम्मेदारी राजस्व कर्मचारियों की होगी। जनप्रतिनिधियों के माध्यम से वितरण कराने पर पक्षपात या राजनीतिक लाभ-हानि के आरोपों की संभावना को देखते हुए, यह वितरण पूरी तरह से प्रशासनिक निगरानी में किया जाएगा ताकि राहत सामग्री बिना किसी भेदभाव के वास्तविक जरूरतमंदों तक पहुंच सके।
शाहपुर प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे धैर्य रखें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत प्रखंड कार्यालय या स्थानीय प्रशासन से संपर्क करें। सरकार और स्थानीय जनप्रतिनिधि इस आपदा की घड़ी में जनता के साथ मजबूती से खड़े हैं और स्थिति पर निरंतर निगरानी रखी जा रही है। वही स्थानीय विधायक राकेश रंजन ओझा ने बाढ़ आपदा से संबंधित सवाल पर मीडियाकर्मियों को बताया की आवश्यकता के अनुसार आवश्यक सुविधाएं प्रदान की जायेंगी।
बाढ़ को लेकर समीक्षा बैठक की गई, क्या-क्या निर्णय हुआ?
शाहपुर विधायक राकेश ओझा ने कहा देखिए आप जान ही रहे हैं जो क्षेत्र में बाढ़ का स्थिति है। बहुत ऐसे गांव हैं जहां पर आवागमन का रास्ता बंद हो गया है। कई एक ऐसे गांव हैं जिसमें हर घर में पानी घुस गया है। वो लोग बांध पर आकर शरण लिए हुए हैं। अन्य सुरक्षित स्थान पर शरण लिए हुए हैं। उन सभी की हितों की रक्षा करना हम सब की जवाबदेही है। धर्म है। इसलिए हमने संबंधित पदाधिकारियों की बैठक रखी थी। इसमें मूल रूप से जो बांध पर रह रहे लोग हैं जो गांव से निकल कर बांध पर रहे हैं उनके लिए खाने की व्यवस्था को लेकर उनके जो मवेशी है उनके चारों की व्यवस्था की जाए जो शेड लगाए हैं उसमें प्रॉपर उसकी व्यवस्था की जाए।
साथ ही, पीने के लिए चापाकल का जो पानी हो उसकी व्यवस्था की जाए तमाम जो बेसिक नीड्स है उसको फुलफिल करने के लिए हमने ये बैठक की थी,ताकि सभी सुविधाओं को जल्दी वहां पर सुनिश्चित कर दिया जाएगा और साथ ही जहां पर आने जाने के लेकर परेशानी हो रही है। बहुत से ऐसे पंचायत सुहिया हो गया, आपका सोनकी हो गया, लालू डेरा हो गया, बहरनपुर, गौरा ये सब जो क्षेत्र है जो बाढ़ में पूर्ण रूप से जलमग्न हो गए हैं। वहां गांव से लोगों को आने जाने के लिए जो सरकार के तरफ से जो हम लोग निशुल्क नाव की जो सेवा होती है उसको लेकर हमने ये बैठक रखी थी।
तमाम सुविधाओं की समीक्षा की गई है और हर एक पदाधिकारी पूर्ण रूप से सचेत है। सरकार के तरफ से भी निर्देशित किया गया है। ग्राउंड जीरो पर रहकर सबकी सेवाओं सभी जनता की जो जरूरत है उसको पूरा करना है। किसी प्रकार की उसमें कोई कोताही नहीं बरतनी है और मुझे पूर्ण विश्वास है कि इस जो आपदा की जो ये घड़ी है इसको भी हम लोग मिलजुलकर एक साथ मिलकर लड़ेंगे और इस समस्या का हल हम लोग पाएंगे।
बाढ़ प्रभावी क्षेत्रों का आप दौरा भी किए है क्या देखने को मिला?
विधायक ने कहा हम कल गए थे बहुत जगह रास्ता बंद हो गया है। बहुत से लोग बांध पर आकर शरण लिए हुए हैं। जो मवेशी लेकर आए हैं उनके चारों की कमी थी। जो लोग अपना बांस बल्ला गाड़कर बांध पर रह रहे हैं। वहां प्रॉपर शेड की व्यवस्था नहीं थी। उसको लेकर समस्या थी। लाइटिंग की व्यवस्था की कमी थी। इन तमाम चीजों को हमने नोट किया है। कम्युनिटी किचन की बहुत जगह दरकार है। उस सभी चीजों को हमने कल ही जाकर देखा था। नोट भी किया था। कल अधिकारियों को बोल भी दिया था। उसमें बहुत सी चीजों को आज पूरा भी कर लिया होगा। बाकी जो बची हुई चीजें हैं जो जनता की डिमांड है उनको कल पूरा कर लिया जाएगा।
अभी तक शाहपुर में कितनी नावे चल रही है और पॉलिथीन शीट की व्यवस्था क्या है?
विधायक ने बताया की पॉलिथीन पर्याप्त मात्रा में है यहां पर अंचल में उसके लिए चिंता नहीं करना है। हमने डीएम से भी बात किया है। अगर जरूरत पड़ेगा तो और जिला से भी आ जाएगा। उसमें कहीं कोई कमी नहीं किया जाएगा। चेहरा देखकर पॉलिथीन वितरण का आरोप पर विधायक ने कहा हां दिक्कत होता है उसका प्रॉपर डिस्ट्रीब्यूशन में। कई बार ऐसा परेशानी होता है कि यहां से अंचल से और ब्लॉक से तो लोग लेकर जाते हैं लेकिन अपने पास उसको रख लेते हैं। जरूरतमंद तक पहुंच नहीं पाता।
यही शिकायत हम लोग को मिली थी घूमने के क्रम में। तो हमने इस बार अधिकारियों से विशेष रूप से आग्रह किया है कि ये लोग अपने मॉनिटरिंग में उसका डिस्ट्रीब्यूशन करवाएं। एक-एक जरूरतमंद तक वो पहुंचे। इस दिशा में कदम भी उठाए जा रहे हैं। मुझे पूर्ण विश्वास है कि इस बार जो हर बार गड़बड़ी होती थी, वह इस बार नहीं होगी। हर एक जरूरतमंद तक पहुंचेंगे और जो नाव है हर एक पंचायत वाइज अलग-अलग उसका डाटा है आपको हम दे देंगे लिखित रूप में और यह फिक्स नहीं है जरूरत पड़ा तो और उसको बढ़ाया भी जाएगा।
धमवल गांव हो गया, सुहिया हो गया बरिसवन हो गया, गौरा हो गया, दामोदरपुर हो गया, लालू डेरा हो गया इन तमाम क्षेत्रों में जितनी जरूरत पड़ती है हमने तो विशेष रूप से आग्रह किया अधिकारियों से कि जहां से डिमांड आता है आप लोग दीजिए, इसमें इनका काफी पॉजिटिव रिस्पांस भी रहा है हमें उम्मीद है कि इस बार जो हर बार जो लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था उसमें इस बार कमी आएगी।
इस आपदा को तो हम लोग रोक नहीं सकते हैं। लेकिन अपने तरफ़ से जो भी है, लोगों को कम से कम परेशानी परेशान हो, इस दिशा में उसको हम लोग व्यवस्थित करवा रहे हैं। साथ ही जैसा कि आपने कहा मवेशियों के चारा के लिए उसको हमने कल ही बोल दिया है। आज कई जगह पहुंचने भी लगा है और कल सभी जगहों पर मवेशियों का चारा पहुंचा दिया जाएगा।
कम्युनिटी किचन कितने चलाए जा रहे हैं?
कम्युनिटी किचन आज तक अभी चालू नहीं हुए है, लेकिन स्थान चयनित कर लिए गए हैं। क्योंकि आप जान रहे हैं जो बाढ़ वाला जो स्थिति है बीच में पानी कम होने लगा था, लेकिन दो-ती दिनों से फिर बढ़ने लगा है। तो लोग अब गांव घर अपना छोड़कर, बाहर आकर सुरक्षित स्थान पर रहना शुरू किए हैं। कल से और उम्मीद है कि कल से जो स्थान चयनित किया गया है वहां पर कम्युनिटी किचन भी शुरू कर दिया जाएगा।
जवईनिया तो पूर्ण रूप से प्रभावित हो गया है, उनके लिए क्या?
विधायक ने कहा पूरा दियारा का इलाका में कोई एक पर्टिकुलर गांव नहीं, जवईनिया का तो स्थिति कह ही नहीं सकते हैं इतना भयावह है कल हम गए थे जवईनिया से चक्की के तरफ जो रास्ता जाता है वो भी टूट गया है लगभग पानी जो है रास्ता के ऊपर से फ्लो कर रहा है प्लस ये दामोदरपुर के भी जो लोग हैं वो भी परेशान है। इधर से हमलोग जाते है श्याम बाबा का जो मठिया है बांध पर वहां पर भी गौरा पंचायत के कुछ लोग रहते हैं वो लोग भी परेशान है।
उधर, बरसिंघा हो गया, आपका यह सुहिया पूरा डूबा डूबा हुआ है। सोनकी सुइया, धमवल तो का तो स्थिति आप लोग जान ही रहे हैं। लालू डेरा का स्थिति भी वही है। आज हम गए थे रमदतही, वहां पे भी लगभग पानी एक तरफ से घुसने लगा है, तो वहां पे भी कल हो सकता है कल परसों नाव की जरूरत पड़ेगी। तो ये कोई ऐसा फिक्स प्रॉब्लम नहीं है प्रॉब्लम धीरे-धीरे बढ़ रहा है लेकिन इसको टैकल करने के लिए हमारी टीम पूर्ण रूप से दुरुस्त है। जहां भी जरूरत पड़ेगा हमारी टीम वहां जाकर उस समस्या का सामना करेगी और लोगों को कम से कम परेशानी हो इस आपदा से इस चीज को हमलोग सुनिश्चित करेंगे।

