Rudranagar Bihiya: बिहिया के रूद्रनगर के पास शाहपुर-बनाही मार्ग पर जलमग्न डायवर्सन पार करते समय बाइक तेज बहाव में बह गई। बाइक सवार दो लोग बाल-बाल बच गए। प्रशासन ने बैरिकेडिंग कर आवागमन रोकने का निर्देश दिया।
- हाइलाइट:Rudranagar Bihiya
- तेज बहाव में बाइक सवार दो लोग बहने लगे, दोनों ने बाइक छोड़कर बचाई जान।
- ग्रामीणों ने रस्सी और लोहे के हुक की मदद से बाइक को नदी से बाहर निकाला।
- एसडीएम ने डायवर्सन पर बैरिकेडिंग कर आवागमन रोकने का निर्देश दिया।
बिहिया/आरा। भोजपुर जिले के बिहिया प्रखंड के रूद्रनगर के पास शाहपुर-बनाही मार्ग पर नए पुल के निर्माण के लिए बनाया गया डायवर्सन पूरी तरह जलमग्न हो गया है। इसके बावजूद लोग जान जोखिम में डालकर इस रास्ते से आवागमन कर रहे हैं। रविवार को डायवर्सन पार करने के दौरान बाइक सवार दो लोग तेज बहाव की चपेट में आ गए। दोनों लोग बाइक छोड़कर किसी तरह बाहर निकल आए, लेकिन बाइक नदी में बह गई।
बाद में ग्रामीणों ने रस्सी और लोहे के हुक की मदद से बाइक को नदी से सुरक्षित बाहर निकाला। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल आवागमन रोकने और पुल निर्माण कार्य में तेजी लाने की मांग की है।
Rudranagar Bihiya: तेज बहाव में बहने लगी बाइक
बताया जाता है कि रविवार की दोपहर देवकुली गाँव से बनकट गाँव जा रहे दो लोग स्प्लेंडर बाइक से शाहपुर-बनाही मार्ग पर बने डायवर्सन को पार कर रहे थे। इनमें एक बुजुर्ग भी शामिल थे। डायवर्सन पर पानी का तेज बहाव होने के बावजूद दोनों बाइक से आगे बढ़ रहे थे।
इसी दौरान बाइक असंतुलित हो गई और पानी के तेज बहाव में बहने लगी। स्थिति को भांपते हुए दोनों सवारों ने बाइक छोड़ दी और किसी तरह पानी से बाहर निकल आए। बाइक देखते ही देखते नदी की ओर बह गई।
ग्रामीणों ने रस्सी से निकाली बाइक: घटना के बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने रस्सी में लोहे का हुक बांधकर उसे बाइक में फंसाया। काफी प्रयास के बाद बाइक को पानी के तेज बहाव से बाहर निकाला गया।
ग्रामीणों के प्रयास से बाइक तो सुरक्षित निकाल ली गई, लेकिन इस घटना ने डायवर्सन की खतरनाक स्थिति को एक बार फिर सामने ला दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पानी का बहाव लगातार तेज हो रहा है और ऐसे में किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है।
तीन दिनों की बारिश से बढ़ा नदी का जलस्तर: चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के प्रभाव से पिछले तीन दिनों से लगातार बारिश के कारण छेर नदी का जलस्तर बढ़ गया है। जलस्तर बढ़ने के साथ डायवर्सन पूरी तरह पानी में डूब गया है।
डायवर्सन के ऊपर से पानी बह रहा है और कई जगहों पर पानी का बहाव काफी तेज है। इसके बावजूद बिहिया और शाहपुर के बीच आने-जाने वाले लोग इस रास्ते का इस्तेमाल कर रहे हैं। स्कूल जाने वाले बच्चों, बुजुर्गों, महिलाओं और आम राहगीरों को भी जोखिम उठाकर रास्ता पार करना पड़ रहा है।
पहले भी हो चुके हैं हादसे: स्थानीय लोगों ने बताया कि इस डायवर्सन पर पहले भी हादसे हो चुके हैं। 1 सितंबर 2026 को डायवर्सन से गुजरने के दौरान बाइक सवार तीन लोग नदी में डूब गए थे। इस हादसे में शाहपुर के वार्ड संख्या-1 निवासी सचिन रवानी और संदीप रवानी की मौत हो गई थी।
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने सड़क जाम कर प्रशासन के खिलाफ काफी आक्रोश व्यक्त किया था। लोगों का कहना है कि हादसों के बावजूद डायवर्सन पर स्थायी सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई। जलस्तर बढ़ने के बाद एक बार फिर लोगों की जान पर खतरा मंडरा रहा है।
पुल तोड़ने और निर्माण में देरी पर सवाल
आने-जाने वाले लोगों ने प्रशासन और सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि जब पुराने पुल को तोड़ दिया गया, तो नए पुल के निर्माण में इतनी देरी क्यों हो रही है।
स्थानीय लोगों ने यह भी सवाल उठाया कि क्या पुल तोड़ने से पहले पर्याप्त वैकल्पिक व्यवस्था की गई थी। लोगों के अनुसार, जिले में कई स्थानों पर नए पुलों का निर्माण हुआ है, लेकिन वहां पुराने पुल को तब तक नहीं तोड़ा गया, जब तक वैकल्पिक मार्ग सुरक्षित रूप से तैयार नहीं हो गया।
लोगों का आरोप है कि यहां पुराने पुल को तोड़कर रास्ता अवरुद्ध कर दिया गया और बनाए गए डायवर्सन को भी पर्याप्त रूप से सुरक्षित नहीं किया गया। इससे आम नागरिकों को लगातार परेशानी और खतरे का सामना करना पड़ रहा है।
स्कूली बच्चों और राहगीरों की बढ़ी परेशानी: डायवर्सन के जलमग्न होने से स्कूली बच्चों और आम राहगीरों की परेशानी बढ़ गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि रोजाना बड़ी संख्या में लोग बिहिया और शाहपुर के बीच आवागमन करते हैं। रास्ते पर पानी भर जाने के बाद लोगों के सामने कोई सुरक्षित विकल्प नहीं बचता।
लोगों ने बताया कि कई लोग मजबूरी में पानी के बहाव के बीच से होकर गुजरते हैं। ऐसे में बाइक सवारों के साथ-साथ पैदल राहगीरों के बहने का खतरा भी बना हुआ है। लोगों ने प्रशासन से तत्काल डायवर्सन को बंद कराने और वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध कराने की मांग की है।
एसडीएम ने बैरिकेडिंग का दिया निर्देश
इस संबंध में एसडीएम ओमप्रकाश लाल ने बताया कि अंचलाधिकारी को डायवर्सन पर बैरिकेडिंग कर आवागमन रोकने के लिए निर्देशित किया गया है। उन्होंने कहा कि पानी का बहाव तेज होने के कारण लोगों को वहां से गुजरने से रोकना जरूरी है।
वहीं, सीओ नीलेश कुमार ने बताया कि अंचल नाजिर को डेंजर जोन में फीता लगाने और बैरिकेडिंग करने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन की ओर से लोगों को खतरनाक डायवर्सन से दूर रखने की तैयारी की जा रही है।
पुल निर्माण में तेजी की मांग: स्थानीय लोगों ने कहा कि केवल बैरिकेडिंग लगाने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। प्रशासन को नए पुल के निर्माण कार्य में तेजी लानी चाहिए, ताकि बिहिया और शाहपुर के बीच आवागमन सामान्य हो सके।
लोगों का कहना है कि जब तक पुल का निर्माण पूरा नहीं होता, तब तक सुरक्षित और मजबूत वैकल्पिक मार्ग की व्यवस्था की जानी चाहिए। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि किसी और हादसे का इंतजार किए बिना तत्काल प्रभावी कदम उठाए जाएं।










