Tanu Devi Bhopatpur: जानकारी के अनुसार मृतक का गीधा थाना क्षेत्र के भोपतपुर गांव निवासी जितेंद्र कुमार की 22 वर्षीया पत्नी तनु देवी है।
- हाइलाइट: Tanu Devi Bhopatpur
- प्रसव के बाद महिला की मौत, परिजन ने किया हंगामा
- परिजन ने इलाज में लापरवाही बरतने से मौत होने का लगाया आरोप
- सदर अस्पताल के प्रसूति वार्ड में रविवार की सुबह घटी घटना
आरा। शहर के सदर अस्पताल के प्रसूति वार्ड में रविवार की सुबह प्रसव के बाद महिला की मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने प्रसूति वार्ड में जमकर हंगामा किया। हंगामा के दौरान महिला चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मियों पर इलाज में लापरवाही बरतने से मौत होने का आरोप लगाया जा रहा है। सूचना पाकर टाउन थाना पुलिस सदर अस्पताल पहुंची। पुलिस के काफी मशक्कत करने के बाद परिजनों को समझा-बूझाकर उन्हें शांत कराया गया।
जानकारी के अनुसार मृतक का गीधा थाना क्षेत्र के भोपतपुर गांव निवासी जितेंद्र कुमार की 22 वर्षीया पत्नी तनु देवी (Tanu Devi) है। इधर, मृतका की मां आरती देवी ने बताया कि उनकी बेटी गर्भवती थी और प्रसव के लिए अपने मायके टाउन थाना क्षेत्र के धरहरा आई हुई थी। शनिवार की दोपहर उसे प्रसव पीड़ा होने लगा। परिजनों द्वारा शनिवार की दोपहर करीब दो बजे सदर अस्पताल लाया गया। जहां उनके साथ आशा भी थी।
आशा के द्वारा उनकी बेटी को महिला चिकित्सक से दिखाया गया। देखने के बाद डॉक्टर द्वारा कहा गया कि खून का इंतजाम कीजिए और जांच रिपोर्ट के आने के बाद ही आगे बताया जाएगा। रात करीब आठ बजे जब जांच रिपोर्ट व ब्लड का इंतजाम हो जाने के बाद वह लेडी चिकित्सक से जाकर पूछी की सब कुछ ठीक है, तो डॉक्टर द्वारा बताया गया कि सब कुछ ठीक है। रात तक नॉर्मल डिलीवरी हो जाएगा।
कुछ देर बाद स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा उसे प्रसव के लिए ले जाया गया और आशा भी साथ गई थी। लेकिन उन्हें अंदर नहीं जाने दिया गया। जब अंदर गई तो उन्होंने देखा कि चार दाई उनकी बेटी के पेट को जोर-जोर से दबा रही है। पूछने पर उनके द्वारा बताया गया कि बच्चा अटक गया है। उनके द्वारा कहा गया कि पहले क्यों नहीं बताया गया। उसके बाद छोटा ऑपरेशन कर उनकी बेटी को लड़की पैदा हुई। जिसकी स्थिति भी खराब है और उसे सदर अस्पताल एसएनसीयू में भर्ती किया गया है।
प्रसव के कुछ देर बाद उसकी सांसे तेज हो गई और पूरा शरीर ठंडा पड़ गया। उनके द्वारा इसकी जानकारी महिला चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मियों को दी गई पर उन्होंने कहा कि ऐसा कुछ नहीं है। इसके बाद स्वास्थ्य कर्मी आई और उसे ऑक्सीजन लगाने लगी। लेकिन उसकी धड़कन नहीं चल रही थी। कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई। इसके बाद परिजन अपनी स्वेच्छा से शव का बिना पोस्टमार्टम कराए ही वापस घर ले गए।
वहीं दूसरी तरफ मृतका की मां आरती देवी ने ऑन ड्यूटी महिला चिकित्सक एवं स्वास्थ्य कर्मियों पर इलाज में लापरवाही बरतने के कारण अपनी बेटी के मौत होने का आरोप लगाया है। मृतका के परिवार वालों द्वारा टाउन थाना में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य कर्मियों पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई करने को लेकर आवेदन भी दिया गया है। बहरहाल पुलिस अपने स्तर से मामले की छानबीन कर रही है।
बताया जाता है कि मृतका की शादी बीते वर्ष हुई थी। मृतका अपने तीन भाई व बहन में छोटी थी। उसके एक भाई की मौत बीते वर्ष नालंदा जिले के राजगीर में डूबने से हो गई थी। घटना के बाद मृतक के घर में कोहराम मच गया है। मृतका की मां आरती देवी एवं परिवार के सभी सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है।


