Quyamuddin Ansari Arrah: महागठबंधन के प्रत्याशी के रूप में आरा से चुनाव लड़ रहे इस ‘गरीब’ उम्मीदवार का नाम है कयामुद्दीन अंसारी
- हाइलाइट:
- ना खुद का घर, ना जमीन; सिर्फ 37000 रुपये की संपत्ति, कौन है ‘गरीब’ कैंडिडेट?
Quyamuddin Ansari Arrah: बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान एनडीए, महागठबंधन और अन्य दलों में कई प्रत्याशी ऐसे हैं जो लाखों और करोड़ों की संपत्ति के मालिक हैं। हालांकि, महागठबंधन में एक ऐसा कैंडिडेट भी है, जिसके पास ना तो खुद का घर है और ना ही कोई जमीन है। खुद की संपत्ति के नाम पर महज 37000 रुपये हैं, जो उनके बैंक खाते और जेब में रखे हुए हैं। इस ‘गरीब’ उम्मीदवार का नाम कयामुद्दीन अंसारी है। वह आरा विधानसभा सीट से लेफ्ट पार्टी सीपाआई माले के टिकट पर महागठबंधन के प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं।
आरा सीट से नामांकन के दौरान कयामुद्दीन अंसारी ने जो हलफनामा चुनाव आयोग के सामने पेश किया, उसमें उन्होंने अपनी संपत्ति का जिक्र किया है। इसके अनुसार, उनके पास 20000 रुपये नकद और दो बैंक खातों में 17000 रुपये रखे हुए हैं। इसके अलावा, उनके नाम पर कोई दूसरी चल या अचल संपत्ति नहीं है। हालांकि, कयामुद्दीन अंसारी की पत्नी के पास लगभग 5 लाख रुपये की संपत्ति है। इसमें 3 लाख रुपये सोना और 1 लाख रुपये के मूल्य के चांदी के जेवरात शामिल हैं।
सीपीआई माले के प्रत्याशी कयामुद्दीन का दावा है कि भले ही उनके पास ज्यादा संपत्ति नहीं है, लेकिन जनता का उन्हें पूरा समर्थन मिलेगा। इस चुनाव में वे पैसे की ताकत को पराजित कर देंगे। वह सीपीआई माले के टिकट पर आरा से पहले भी विधानसभा चुनाव लड़ चुके हैं। हालांकि, हर बार हार का सामना करना पड़ा। 2020 के विधानसभा चुनाव में कयामुद्दीन को भाजपा के अमरेंद्र प्रताप सिंह से 3 हजार वोटों के अंतर से हार मिली थी। पार्टी ने उन पर भरोसा जताते हुए 2025 के चुनाव में दोबारा उन्हें टिकट दिया है। उनका मुकाबला भाजपा के संजय सिंह टाइगर से होगा।


