Gangahar Thakurbari: गंगहर गांव स्थित ठाकुरबाड़ी से रविवार की रात चोर एक साथ चार बेशकीमती मूर्तियां ले भागे, लेकिन पुजारी सहित किसी को भनक नहीं लगी।
- हाइलाइट: Gangahar Thakurbari
- मुफस्सिल थाना क्षेत्र के गंगहर गांव ठाकुरबाड़ी की रविवार की रात की घटना
- काफी प्राचीन और अष्टधातु की बतायी जा रही चोरी गयी चारों मूर्तियां
- सोमवार की सुबह पुजारी पूजा करने गये, तो गायब मिली प्राचीन मूर्तियां
- एसडीपीओ के नेतृत्व में छानबीन और चोरों की पहचान करते हुए धरपकड़ में जुटी पुलिस
- अपराधियों की गिरफ्तारी और मूर्तियों की बरामदगी को पुलिस अधीक्षक ने गठित की टीम
- अति प्राचीन बेशकीमती मूर्तियों की चोरी की घटना से ग्रामीणों में आक्रोश
आरा। भोजपुर के मुफस्सिल थाना क्षेत्र के गंगहर गांव स्थित ठाकुरबाड़ी से रविवार-सोमवार की दरमियानी रात राम-जानकी, लक्ष्मण और लड्डू गोपाल की अति प्राचीन कीमती मूर्तियों की चोरी कर ली गई। चोरी गयी मूर्तियां अष्टधातु की बतायी जा रही है। सोमवार सुबह पूजारी गंगा दास नियमित पूजा-पाठ करने के लिए गये, तो मूर्तियां गायब थीं। उसे देख पुजारी स्तब्ध रह गए।
इधर, ठाकुरबाड़ी से अति प्राचीन कीमती मूर्तियों की चोरी की खबर आग की तरह फैल गयी। देखते ही देखते गंगहर सहित आसपास के गांवों के काफी संख्या में लोग पहुंच गये। मूर्ति चोरी की घटना से लोगों में काफी आक्रोश देखा जा रहा है। ग्रामीणों द्वारा सभी मूर्तियों को जल्द बरामद करने की मांग की गयी है।
सूचना मिलने पर सदर एसडीपीओ वन राज कुमार साह के नेतृत्व में मुफस्सिल थाने की पुलिस भी पहुंची और मामले की छानबीन की गयी। एसडीपीओ ने ठाकुरबाड़ी का जायजा लिया और पुजारी से घटना के बारे में जानकारी ली। उसके बाद पुलिस चोरों की पहचान और धरपकड़ में जुट गयी है।
इधर, इस घटना को काफी गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक राज की ओर से मूर्ति की बरामदगी और चोरों की गिरफ्तारी को लेकर एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन भी कर दिया गया है। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि घटना की छानबीन की जा रही है। जांच में यह बात सामने आयी है कि ठाकुरबाड़ी में प्रवेश करने के लिए तीन दरवाजे हैं, लेकिन किसी में भी ताला नहीं लगा था।
मूर्तियों की बरामदगी और चोरी में शामिल अपराधियों की गिरफ्तारी को लेकर छापेमारी की जा रही है। उसके लिए एक विशेष टीम गठित की गयी है। तकनीकी और वैज्ञानिक जांच की भी मदद ली जा रही है। चोरी में शामिल अपराधियों को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
Gangahar Thakurbari: ठाकुरबाड़ी से चार मूर्ति ले भागे चोर, नहीं लगी किसी को भनक
Gangahar: गंगहर गांव स्थित ठाकुरबाड़ी से रविवार की रात चोर एक साथ चार बेशकीमती मूर्तियां ले भागे, लेकिन पुजारी सहित किसी को भनक नहीं लगी। ठाकुरबाड़ी कैंपस में ही सो रहे पुजारी गंगा दास सोमवार की सुबह पूजा करने के लिए उठे, तो गर्भगृह से सभी मूर्तियां गायब मिली।
बताया जा रहा है कि कुछ रोज पहले ही ठाकुरबाड़ी में नये पुजारी के रूप में पटना निवासी गंगा दास को रखा गया था। वह ठाकुरबाड़ी के कैंपस में ही रहते थे। वे रोज की तरह रविवार की देर रात खाना खाकर सो गए। सोमवार की सुबह पूजा करने के लिए उठे, तो चारों मूर्तियां गायब थीं।
पुजारी ने बताया कि वे रात करीब 11 बजे तक जगे थे। तब तक सबकुछ ठीक था। उसके बाद वे सोने चले गये। सोमवार की सुबह जगे, जो राम-जानकी, लक्ष्मण और लड्डू गोपाल की मूर्तियां गायब थीं। इधर, छानबीन में जुटी पुलिस का कहना है कि ठाकुरबाड़ी पूरी तरह से खुली थी। कहीं ताला नहीं लगा है। ऐसे में आसानी से चोरी की घटना को अंजाम दिया गया है।
एसडीपीओ राजकुमार साह ने बताया कि ठाकुरबाड़ी में आने-जाने के तीन गेट हैं, लेकिन किसी भी गेट में ताला नहीं लगा था। पास में ही एक मंदिर का निर्माण हो रहा है। उधर से भी ठाकुरबाड़ी में प्रवेश करने का रास्ता है। वहां मजदूर काम करते हैं। कुछ दिन पूर्व ही ठाकुरबाड़ी के पुजारी बदले गए हैं। पहले रोहतास निवासी देवराज जी थे और वर्तमान में पटना जिला के मनेर निवासी गंगादास जी को रखा गया है।
पुजारी गंगाधर दास से मामले की जानकारी ली गई, तो उन्होंने बताया कि पांच दिनों से मंदिर में पूजा करने आ रहे हैं।जाने के समय वह सिर्फ दरवाजा भिड़का देते थे। ताला नहीं मारते थे। ऐसे में हर एंगल से छानबीन की जा रही है। एसडीपीओ ने बताया कि पूछताछ में कुछ ग्रामीणों द्वारा कहा गया कि सभी मूर्तियों का पुराना अष्टधातु की बनी थी, जबकि कुछ का कहना है कि किसी प्राचीन पत्थर की है।


